TRE 4 पर फिर बवाल! नोटिफिकेशन में देरी पर बड़े आंदोलन की चेतावनी
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👉 WhatsApp से जुड़ेंBPSC TRE 4 नोटिफिकेशन को लेकर बिहार में शिक्षक अभ्यर्थियों की बेचैनी लगातार बढ़ रही है। BPSC TRE 4 नोटिफिकेशन जारी नहीं होने पर अब आंदोलन की चेतावनी सामने आई है। छात्र नेता दिलीप कुमार ने राज्य सरकार और बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) से जल्द विज्ञापन जारी करने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि जल्द भर्ती प्रक्रिया शुरू नहीं हुई तो राज्यभर में बड़ा आंदोलन किया जाएगा। वहीं सरकार का कहना है कि शिक्षक भर्ती की अधियाचना आयोग को भेजी जा चुकी है और प्रक्रिया आगे बढ़ रही है।
नोटिफिकेशन में देरी पर छात्र नेता का सरकार पर हमला
शुक्रवार को जारी बयान में छात्र नेता दिलीप कुमार ने कहा कि शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने जुलाई 2026 के भीतर TRE 4 का विज्ञापन जारी करने का आश्वासन दिया था।
उन्होंने आरोप लगाया कि जुलाई समाप्त होने और 7 अगस्त तक पहुंचने के बावजूद भर्ती का नोटिफिकेशन जारी नहीं हुआ। इसी कारण अभ्यर्थियों में नाराजगी बढ़ रही है।
दिलीप कुमार ने कहा कि अब अभ्यर्थियों का धैर्य जवाब दे रहा है और यदि जल्द विज्ञापन जारी नहीं हुआ तो व्यापक आंदोलन शुरू किया जाएगा।
BPSC और शिक्षा विभाग के बयानों पर उठाए सवाल
दिलीप कुमार ने कहा कि बीपीएससी के परीक्षा नियंत्रक ने पहले बताया था कि आयोग को शिक्षक भर्ती की अधियाचना मिली थी, लेकिन उसमें कुछ तकनीकी त्रुटियां थीं।
उनके अनुसार, आयोग ने सुधार के लिए शिक्षा विभाग से पत्राचार किया था और संशोधित प्रस्ताव मिलने के बाद विज्ञापन जारी करने की बात कही थी।
बाद में शिक्षा मंत्री ने कहा कि अधियाचना वापस भेजे जाने जैसी बातें अफवाह हैं। वहीं बीपीएससी ने भी अपने नोटिस में स्पष्ट किया कि अधियाचना वापस नहीं भेजी गई है।
इसी को लेकर छात्र नेता ने सवाल उठाया कि यदि अफवाह है तो भ्रम की स्थिति आखिर बनी कैसे।
पहले भी कई बार सामने आ चुकी हैं तारीखें
छात्र नेता ने कहा कि 11 फरवरी 2026 को बीपीएससी की ओर से जानकारी दी गई थी कि आयोग को 46 हजार से अधिक पदों की अधियाचना प्राप्त हो चुकी है और जल्द विज्ञापन जारी होगा।
इसके बाद 16 अप्रैल को परीक्षा नियंत्रक ने संकेत दिया था कि 26 अप्रैल से आवेदन प्रक्रिया शुरू हो सकती है। हालांकि निर्धारित समय पर फॉर्म भरने की प्रक्रिया शुरू नहीं हो सकी।
उनका कहना है कि इसके बाद जुलाई में भी विज्ञापन जारी होने की उम्मीद जताई गई, लेकिन अब तक अभ्यर्थी इंतजार ही कर रहे हैं।
अभ्यर्थियों की क्या हैं प्रमुख मांगें?
छात्र नेता दिलीप कुमार ने सरकार के सामने कई मांगें रखी हैं।
उन्होंने कहा कि:
- कक्षा 1 से 12 तक सभी रिक्त पदों को TRE 4 में शामिल किया जाए।
- भर्ती प्रक्रिया एक ही परीक्षा के आधार पर पूरी हो।
- प्रारंभिक (PT) और मुख्य (Mains) परीक्षा अलग-अलग न कराई जाए।
- जल्द से जल्द भर्ती का विस्तृत विज्ञापन जारी किया जाए।
उन्होंने कहा कि अभ्यर्थियों का उद्देश्य केवल भर्ती प्रक्रिया समय पर शुरू कराना है।
आंदोलन की दी चेतावनी
दिलीप कुमार ने कहा कि यदि भर्ती प्रक्रिया में और देरी हुई तो आंदोलन की तारीख घोषित की जाएगी।
उन्होंने दावा किया कि इस बार का आंदोलन पहले के मुकाबले कहीं बड़ा होगा। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि अभ्यर्थी आंदोलन नहीं चाहते, बल्कि समय पर भर्ती प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद कर रहे हैं।
उनके अनुसार, यदि सरकार जल्द सकारात्मक फैसला लेती है तो आंदोलन की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
सरकार का क्या है पक्ष?
दूसरी ओर सरकार का कहना है कि शिक्षक भर्ती की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 29 जुलाई को जानकारी दी थी कि शिक्षा विभाग ने TRE 4 के लिए अधियाचना बीपीएससी को भेज दी है।
सरकार के अनुसार चौथे चरण की शिक्षक भर्ती में 32,388 पदों पर नियुक्ति की जाएगी। मुख्यमंत्री ने विभिन्न कक्षाओं के अनुसार पदों का विवरण भी साझा किया था।
इसी घोषणा के बाद से लाखों अभ्यर्थी आधिकारिक विज्ञापन का इंतजार कर रहे हैं।
आगे क्या?
फिलहाल अभ्यर्थियों की नजर बीपीएससी की अगली आधिकारिक घोषणा पर टिकी हुई है। यदि आयोग जल्द विज्ञापन जारी करता है तो भर्ती प्रक्रिया आगे बढ़ सकती है।
वहीं यदि देरी जारी रहती है तो छात्र संगठनों की ओर से आंदोलन तेज होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। ऐसे में आने वाले दिनों में बीपीएससी और शिक्षा विभाग की ओर से जारी होने वाले आधिकारिक अपडेट इस पूरे मामले में अहम भूमिका निभाएंगे।
