NEET पेपर लीक पर PM मोदी का बड़ा ऐलान, बोले- दोषियों को ऐसी सजा मिले कि कोई दोबारा हिम्मत न करे


 

नई दिल्ली: NEET पेपर लीक मामले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसद के मानसून सत्र के दूसरे दिन बड़ा संदेश दिया है। NEET पेपर लीक को लेकर आयोजित एनडीए (NDA) सांसदों की 'मंगल मिलन' बैठक में प्रधानमंत्री ने स्पष्ट कहा कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर नहीं छोड़ा जाएगा। उन्होंने दोषियों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई सुनिश्चित करने पर जोर दिया, जो भविष्य में इस तरह के अपराधों के लिए कड़ा संदेश बने।

बैठक के बाद केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरन रिजीजू ने मीडिया को बताया कि प्रधानमंत्री ने सभी सांसदों से युवाओं के बीच जाकर उनका विश्वास मजबूत करने और शिक्षा व्यवस्था को लेकर फैली आशंकाओं को दूर करने का आग्रह किया।

NDA बैठक में PM मोदी ने क्या कहा?

किरन रिजीजू के अनुसार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि सरकार छात्रों के भविष्य की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

उन्होंने कहा कि पेपर लीक जैसे मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और जरूरत पड़ने पर देश के वरिष्ठ कानूनी विशेषज्ञों की मदद भी ली जाएगी, ताकि दोषियों को प्रभावी और कानून के अनुरूप कड़ी सजा दिलाई जा सके।

प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि ऐसी कार्रवाई होनी चाहिए जिससे भविष्य में कोई भी परीक्षा प्रणाली से छेड़छाड़ करने का साहस न कर सके।

सरकार ने गिनाए अब तक उठाए गए कदम

बैठक में प्रधानमंत्री ने बताया कि NEET पेपर लीक की जानकारी मिलने के बाद सरकार ने तुरंत कार्रवाई की।

किरन रिजीजू के मुताबिक, अब तक 13 आरोपियों की गिरफ्तारी की गई है। साथ ही छात्रों के शैक्षणिक वर्ष को प्रभावित होने से बचाने के लिए समय पर पुनर्परीक्षा आयोजित कराई गई और परिणाम भी निर्धारित समय के भीतर जारी किए गए।

प्रधानमंत्री ने कहा कि यह केवल केंद्र सरकार का विषय नहीं, बल्कि पूरे देश और सभी राजनीतिक दलों से जुड़ा मुद्दा है, इसलिए इस पर राजनीति के बजाय समाधान पर ध्यान देना चाहिए।

सांसदों को युवाओं के बीच जाने का निर्देश

बैठक में प्रधानमंत्री ने एनडीए सांसदों से कहा कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में युवाओं से संवाद करें और परीक्षा प्रणाली को लेकर उनकी चिंताओं को दूर करें।

उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों का भरोसा बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता है। युवाओं को सही जानकारी देना और अफवाहों से बचाना भी सभी जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारी है।

किसानों और व्यापार समझौतों पर भी हुई चर्चा

NDA की बैठक केवल शिक्षा के मुद्दे तक सीमित नहीं रही। प्रधानमंत्री ने देश की आर्थिक स्थिति और विभिन्न देशों के साथ होने वाले फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पर भी चर्चा की।

किरन रिजीजू ने बताया कि प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि किसी भी अंतरराष्ट्रीय व्यापार समझौते में किसानों के हित सर्वोच्च प्राथमिकता रहेंगे।

उन्होंने कहा कि सरकार ऐसा कोई निर्णय नहीं लेगी जिससे किसानों या देश के व्यापक हितों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़े।

CJP आंदोलन के बाद बढ़ी राजनीतिक चर्चा

प्रधानमंत्री की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है जब राजधानी दिल्ली में NEET से जुड़े मुद्दों को लेकर विरोध प्रदर्शन चर्चा का विषय बना हुआ है।

20 जुलाई को CJP के बैनर तले छात्रों ने 'संसद चलो' मार्च निकाला था। प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच टकराव की स्थिति बनी। इसके बाद कई राजनीतिक दलों ने भी इस मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रियाएं दीं।

सरकार और विपक्ष दोनों की ओर से परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और छात्रों के हितों को लेकर अलग-अलग दृष्टिकोण सामने आए हैं।

बैठक में नए राज्यसभा सांसदों का स्वागत

NDA की 'मंगल मिलन' बैठक में हाल ही में निर्वाचित राज्यसभा सांसदों का भी स्वागत किया गया।

बैठक में भाजपा के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने पहली बार राज्यसभा सांसद के रूप में भाग लिया। इस दौरान संगठन और संसद के आगामी एजेंडे पर भी चर्चा की गई।

एक नजर में मुख्य बातें

  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने NDA सांसदों की बैठक में NEET पेपर लीक पर सख्त रुख अपनाया।
  • दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई और उदाहरण पेश करने वाली सजा पर जोर दिया।
  • सांसदों को युवाओं से संवाद कर उनका विश्वास मजबूत करने का निर्देश दिया।
  • सरकार ने बताया कि मामले में 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
  • बैठक में किसानों के हित, FTA और नए राज्यसभा सांसदों का भी उल्लेख हुआ।

NEET पेपर लीक का मुद्दा फिलहाल शिक्षा, कानून और राजनीति—तीनों स्तरों पर चर्चा का विषय बना हुआ है। आने वाले दिनों में जांच एजेंसियों की कार्रवाई और सरकार के अगले कदम इस पूरे मामले की दिशा तय करेंगे।

Next Post Previous Post
हमसे जुड़ें
1