दलसिंहसराय के बढ़ौना गांव में जलजमाव से त्रस्त ग्रामीण, पानी में उतरकर किया प्रदर्शन
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👉 WhatsApp से जुड़ेंसमस्तीपुर के दलसिंहसराय में जलजमाव की समस्या से परेशान ग्रामीणों का गुस्सा बुधवार को सड़क पर उतर आया। जलजमाव से त्रस्त बढ़ौना गांव के लोगों ने पानी से भरी मुख्य सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया और सड़क जाम कर दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि करीब 200 मीटर सड़क पर लंबे समय से पानी जमा है और वर्षों से शिकायत के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ। सड़क जाम होने से स्कूल, कॉलेज, रेलवे स्टेशन, बाजार और अन्य जरूरी स्थानों तक आने-जाने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
200 मीटर सड़क पर लंबे समय से जमा है पानी
विद्यापतिनगर प्रखंड के बढ़ौना गांव की मुख्य सड़क पर जलनिकासी की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। ग्रामीणों के मुताबिक, सड़क का एक बड़ा हिस्सा लगातार पानी में डूबा रहता है।
ग्रामीणों का कहना है कि समस्या केवल बारिश के दिनों तक सीमित नहीं है। गर्मी और उमस के मौसम में भी सड़क पर पानी जमा रहने से लोगों को रोजाना परेशानी होती है।
करीब 200 मीटर हिस्से में लंबे समय से पानी जमा रहने के कारण सड़क की स्थिति भी खराब हो गई है। पानी के बीच से गुजरना स्थानीय लोगों की मजबूरी बन गई है।
पानी में उतरकर ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन
समस्या का स्थायी समाधान नहीं होने से नाराज ग्रामीण बुधवार को सड़क पर उतर गए। प्रदर्शन के दौरान कई ग्रामीण पानी से भरी सड़क पर खड़े होकर अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाते नजर आए।
ग्रामीणों ने इसके बाद मुख्य सड़क को जाम कर दिया। सड़क जाम होने से इस मार्ग से गुजरने वाले वाहनों और राहगीरों की आवाजाही प्रभावित हुई।
ग्रामीणों का कहना है कि वे लंबे समय से अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से जलनिकासी की व्यवस्था ठीक कराने की मांग कर रहे हैं। इसके बावजूद समस्या बनी हुई है, जिसके कारण उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा।
स्कूल-कॉलेज और रेलवे स्टेशन जाने में परेशानी
बढ़ौना गांव की यह सड़क स्थानीय लोगों के लिए रोजमर्रा की आवाजाही का महत्वपूर्ण रास्ता बताई जा रही है। इसी मार्ग से लोग बाजार, स्कूल, कॉलेज और रेलवे स्टेशन समेत दूसरे जरूरी स्थानों तक पहुंचते हैं।
सड़क पर लगातार पानी जमा रहने से विद्यार्थियों और नौकरी-पेशा लोगों को भी परेशानी होती है। ग्रामीणों के अनुसार, दोपहिया वाहनों और पैदल चलने वालों के लिए यह रास्ता विशेष रूप से मुश्किल हो गया है।
सड़क पर पानी और खराब स्थिति के कारण छोटी-मोटी दुर्घटनाएं होने की बात भी ग्रामीणों ने कही है। हालांकि, इन घटनाओं की अलग से आधिकारिक पुष्टि की जानकारी सामने नहीं आई है।
जलजमाव से बीमारी का भी खतरा
ग्रामीणों ने लंबे समय से जमा पानी को स्वास्थ्य के लिहाज से भी चिंता का कारण बताया है। उनका कहना है कि सड़क और आसपास पानी जमा रहने से गंदगी बढ़ती है और संक्रमणजनित बीमारियों का खतरा बना रहता है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, जलनिकासी की व्यवस्था नहीं होने से पानी लंबे समय तक जमा रहता है। इससे आसपास रहने वाले परिवारों को भी परेशानी उठानी पड़ती है।
ग्रामीणों की मांग है कि केवल जमा पानी हटाने के बजाय ऐसी स्थायी व्यवस्था की जाए, जिससे बारिश और सामान्य दिनों में भी सड़क पर पानी जमा न हो।
वर्षों से समाधान की मांग, अब आंदोलन का रास्ता
स्थानीय लोगों का कहना है कि जलजमाव और सड़क की बदहाल स्थिति को लेकर कई बार अधिकारियों तथा जनप्रतिनिधियों से शिकायत की गई। ग्रामीणों के मुताबिक, समस्या के स्थायी समाधान के लिए सड़क के जीर्णोद्धार और बेहतर जलनिकासी की जरूरत है।
उनका आरोप है कि अब तक इस दिशा में ठोस पहल नहीं हुई। इसी वजह से बुधवार को ग्रामीणों का आक्रोश खुलकर सामने आया।
ग्रामीणों ने सड़क की मरम्मत के साथ नाले और जलनिकासी की समुचित व्यवस्था कराने की मांग रखी है। उनका कहना है कि जब तक समस्या के स्थायी समाधान को लेकर स्पष्ट आश्वासन नहीं मिलता, तब तक आंदोलन जारी रखा जाएगा।
अनिश्चितकालीन सड़क जाम का ऐलान
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने सड़क जाम को अनिश्चितकालीन बताया है। उनका कहना है कि प्रशासन की ओर से ठोस आश्वासन मिलने तक जाम समाप्त नहीं किया जाएगा।
इससे स्थानीय लोगों के साथ-साथ इस मार्ग से दूसरे इलाकों की ओर जाने वाले यात्रियों को भी परेशानी हो सकती है। खासकर स्कूल, कॉलेज और रेलवे स्टेशन जाने वाले लोगों को वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ सकता है।
समाचार लिखे जाने तक संबंधित पदाधिकारियों या जनप्रतिनिधियों के मौके पर पहुंचने की सूचना नहीं थी। ऐसे में ग्रामीणों की मांग और प्रशासन की प्रतिक्रिया पर आगे की स्थिति निर्भर करेगी।
फिलहाल बढ़ौना गांव में जलजमाव का मुद्दा स्थानीय लोगों के लिए बड़ा सवाल बना हुआ है। ग्रामीण तत्काल पानी निकासी के साथ सड़क के स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं, ताकि रोजाना होने वाली परेशानी से राहत मिल सके।
