समस्तीपुर BJP में इस्तीफों से हलचल, 2 मंडल अध्यक्ष समेत 11 ने छोड़े पद
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👉 WhatsApp से जुड़ेंसमस्तीपुर BJP में रविवार को संगठनात्मक स्तर पर हलचल देखने को मिली। समस्तीपुर BJP से जुड़े दो मंडल अध्यक्ष समेत 11 पदाधिकारियों ने अपने दायित्व से इस्तीफा देने की घोषणा की। सभी पदाधिकारी भाजपा उत्तरी जिला संगठन से जुड़े बताए गए हैं।
इस्तीफा देने वाले कार्यकर्ताओं ने जिला नेतृत्व के रवैये को लेकर नाराजगी जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि लंबे समय से कार्यकर्ताओं की अनदेखी हो रही थी और संगठन से जुड़े कार्यक्रमों की जानकारी भी समय पर नहीं दी जाती थी।
दो मंडल अध्यक्ष समेत 11 पदाधिकारियों ने दिया इस्तीफा
रविवार को नाराज भाजपा कार्यकर्ताओं ने संवाददाता सम्मेलन आयोजित कर अपने पदों से इस्तीफा देने की घोषणा की। इस दौरान उन्होंने संगठन के भीतर कार्यकर्ताओं की स्थिति और अपनी नाराजगी के कारणों को सामने रखा।
कल्याणपुर पश्चिम के मंडल अध्यक्ष ओमप्रकाश कुशवाहा ने कहा कि जिला नेतृत्व की ओर से लंबे समय से कार्यकर्ताओं की अनदेखी की जा रही थी। उनके मुताबिक कार्यकर्ताओं को अपेक्षित मान-सम्मान नहीं मिल रहा था।
उन्होंने यह भी दावा किया कि पार्टी के कार्यक्रमों की जानकारी कई बार कार्यकर्ताओं को विधिवत नहीं दी जाती थी। इससे जमीनी स्तर पर काम करने वाले कार्यकर्ताओं में नाराजगी बढ़ रही थी।
इस्तीफा देने वाले पदाधिकारियों के मुताबिक उन्होंने पहले भी अपनी शिकायत जिला और प्रदेश नेतृत्व तक पहुंचाई थी। उनका दावा है कि शिकायतों के बावजूद स्थिति में अपेक्षित बदलाव नहीं आया।
मंत्री के कार्यक्रम की जानकारी नहीं मिलने का आरोप
ओमप्रकाश कुशवाहा ने संवाददाता सम्मेलन में एक और मुद्दे का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बिहार सरकार के मंत्री लखेंद्र पासवान जब समस्तीपुर पहुंचे थे, तब इसकी जानकारी भी स्थानीय कार्यकर्ताओं को नहीं दी गई।
कार्यकर्ताओं का कहना है कि संगठन के कार्यक्रमों और वरिष्ठ नेताओं के दौरे से स्थानीय पदाधिकारियों को अवगत कराया जाना चाहिए। उनके अनुसार लगातार ऐसी स्थिति बनने से कार्यकर्ताओं में असंतोष बढ़ता गया।
इसी नाराजगी के चलते 11 पदाधिकारियों ने अपने संगठनात्मक दायित्व से हटने का फैसला लिया। इस्तीफे की जानकारी प्रदेश नेतृत्व को भी भेजे जाने की बात कही गई है।
हालांकि, इन कार्यकर्ताओं द्वारा लगाए गए आरोपों पर जिला या प्रदेश भाजपा नेतृत्व की ओर से कोई प्रतिक्रिया इस इनपुट में उपलब्ध नहीं है। इसलिए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि का दावा नहीं किया जा सकता।
किन-किन पदाधिकारियों ने दिया इस्तीफा?
इस्तीफा देने वालों में भाजपा संगठन से जुड़े अलग-अलग पदाधिकारी और बूथ स्तर के कार्यकर्ता शामिल हैं।
बताई गई सूची के अनुसार इनमें कल्याणपुर पश्चिम मंडल अध्यक्ष ओमप्रकाश कुशवाहा, मंडल अध्यक्ष शिव शंकर ठाकुर, महेश चौरसिया, बूथ अध्यक्ष राजेश कुमार, मनोज कुमार, आदित्य कुमार, राहुल कुमार, जय कुमार राय, नवीन राम और विमलेश कुमार शामिल हैं।
इन नामों के अलावा खबर में कुल 11 पदाधिकारियों के इस्तीफे की बात कही गई है। हालांकि उपलब्ध जानकारी में नामों की सूची 10 लोगों की है। इसलिए 11वें पदाधिकारी का नाम स्पष्ट नहीं होने पर उसे अनुमान से जोड़ना उचित नहीं होगा।
‘पद से हटे हैं, भाजपा के लिए खड़े रहेंगे’
इस्तीफा देने वाले कार्यकर्ताओं ने साफ किया कि उनका विरोध पार्टी से नहीं बल्कि संगठन में अपने दायित्व को लेकर है।
मंडल अध्यक्ष शिव शंकर ठाकुर ने कहा कि भाजपा संगठन आधारित पार्टी है और कार्यकर्ता पार्टी के सिद्धांतों के साथ काम करते हैं। उन्होंने संगठन में मान-सम्मान और समान व्यवहार को महत्वपूर्ण बताया।
ठाकुर ने आरोप लगाया कि जिला नेतृत्व की ओर से कार्यकर्ताओं के साथ जातिगत भेदभाव किया जा रहा है। यह आरोप इस्तीफा देने वाले कार्यकर्ताओं की ओर से लगाया गया है। उपलब्ध जानकारी में इस आरोप की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
उन्होंने कहा कि संगठन में लोग सम्मान और जिम्मेदारी की भावना से काम करते हैं। जब उन्हें सम्मान नहीं मिलता तो पद पर बने रहने का औचित्य नहीं रह जाता।
पार्टी छोड़ने की बात नहीं, संगठन के लिए काम जारी रखने का दावा
इस्तीफा देने वाले कार्यकर्ताओं ने यह भी स्पष्ट किया कि उन्होंने भाजपा की प्राथमिक सदस्यता छोड़ने की घोषणा नहीं की है। उनका कहना है कि वे केवल अपने संगठनात्मक पदों से हट रहे हैं।
कार्यकर्ताओं के मुताबिक पद से हटने के बाद भी वे भाजपा के लिए काम करते रहेंगे और पार्टी के साथ जुड़े रहेंगे। इससे यह संकेत मिलता है कि मौजूदा विवाद को वे संगठन के भीतर की नाराजगी के तौर पर देख रहे हैं।
अब इस घटनाक्रम पर भाजपा के जिला और प्रदेश नेतृत्व की प्रतिक्रिया महत्वपूर्ण होगी। यदि नेतृत्व की ओर से मामले पर बातचीत या संगठनात्मक स्तर पर कोई पहल होती है, तो आगे की स्थिति बदल सकती है।
समस्तीपुर भाजपा में क्यों अहम है यह घटनाक्रम?
किसी राजनीतिक दल में मंडल अध्यक्ष और बूथ स्तर के पदाधिकारी संगठन की जमीनी गतिविधियों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में एक साथ कई पदाधिकारियों का अपने दायित्व से इस्तीफा देना स्थानीय संगठन के लिए चर्चा का विषय बन सकता है।
हालांकि, केवल इस्तीफे के आधार पर संगठन की पूरी स्थिति पर निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा। आने वाले दिनों में पार्टी नेतृत्व की प्रतिक्रिया, कार्यकर्ताओं के साथ संवाद और संगठनात्मक फैसलों से स्थिति अधिक स्पष्ट हो सकती है।
फिलहाल समस्तीपुर में भाजपा उत्तरी जिला संगठन से जुड़े दो मंडल अध्यक्ष समेत 11 पदाधिकारियों के इस्तीफे की घोषणा ने स्थानीय राजनीतिक गतिविधियों को जरूर चर्चा में ला दिया है।
