RJD स्थापना दिवस: लालू यादव के सामने नेताओं ने तेजस्वी को दी नसीहत, बोले- कार्यकर्ताओं से भी मिलिए

RJD स्थापना दिवस के मौके पर पटना स्थित पार्टी मुख्यालय में आयोजित भव्य समारोह के दौरान एक ऐसा घटनाक्रम सामने आया जिसने राजनीतिक गलियारों का ध्यान खींच लिया। RJD स्थापना दिवस समारोह में जहां पार्टी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने कार्यकर्ताओं को एकजुट रहने का संदेश दिया, वहीं पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव को कार्यकर्ताओं से अधिक संवाद करने की सार्वजनिक सलाह दी। इसके जवाब में तेजस्वी यादव ने भी संगठन को मजबूत बनाने और नेताओं को मैदान में सक्रिय रहने का संदेश दिया। पार्टी के 30वें स्थापना दिवस पर बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और नेता मौजूद रहे। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई और पूरे आयोजन में संगठन को मजबूत करने तथा आगामी चुनावों की तैयारी पर विशेष जोर दिया गया।
स्थापना दिवस पर नेताओं ने तेजस्वी यादव को दी अहम सलाह
समारोह के दौरान राजद के वरिष्ठ नेता और उपाध्यक्ष उदय नारायण चौधरी ने कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं की शिकायत रहती है कि वे तेजस्वी यादव से आसानी से नहीं मिल पाते। उन्होंने कहा कि यदि कार्यकर्ताओं से लगातार संपर्क नहीं रहेगा तो संगठन को मजबूत करना कठिन होगा। प्रदेश महासचिव अब्दुल बारी सिद्दिकी ने भी इसी मुद्दे को उठाते हुए कहा कि लालू प्रसाद यादव हमेशा आम लोगों और कार्यकर्ताओं के बीच रहते थे। बिहार के लोग तेजस्वी यादव से भी उसी तरह की सहज उपलब्धता की अपेक्षा रखते हैं। इन दोनों नेताओं की बातें कार्यक्रम के दौरान चर्चा का विषय बन गईं।
तेजस्वी यादव ने दिया जवाब, नेताओं को भी मैदान में उतरने की सलाह
अपने संबोधन में तेजस्वी यादव ने वरिष्ठ नेताओं की बातों का अप्रत्यक्ष जवाब दिया। उन्होंने कहा कि केवल कार्यकर्ताओं से अपेक्षा करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि मंच पर बैठे सभी नेताओं को भी संगठन के लिए मेहनत करनी होगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि चुनाव केवल भीड़ जुटाने से नहीं जीते जाते। जीत का आधार बूथ स्तर तक मजबूत संगठन होता है। इसलिए हर नेता और कार्यकर्ता को अपने क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभानी होगी। तेजस्वी ने कहा कि पार्टी अनुशासन, संयम और परिश्रम के आधार पर आगे बढ़ेगी।
लालू प्रसाद यादव ने एकजुटता का दिया संदेश
स्थापना दिवस समारोह में लालू प्रसाद यादव ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए पार्टी को मजबूत बनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि सभी लोग मिलकर संगठन को मजबूत करें और गरीबों के अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रखें। उन्होंने कहा कि पार्टी ने हमेशा संघर्ष की राजनीति की है और आगे भी उसी रास्ते पर चलती रहेगी। लालू यादव ने कार्यकर्ताओं से आपसी मतभेद भुलाकर एकजुट रहने की अपील की।
बूथ स्तर पर संगठन मजबूत करने पर जोर
तेजस्वी यादव ने कहा कि आगामी चुनावों को देखते हुए संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करना सबसे बड़ी प्राथमिकता है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को चेतावनी दी कि टिकट या सीट को लेकर किसी भी तरह की गुटबाजी या विवाद स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने साफ कहा कि यदि कोई नेता या कार्यकर्ता संगठन के अनुशासन का उल्लंघन करेगा तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उनका कहना था कि मजबूत संगठन ही चुनावी सफलता की असली कुंजी है। साथ ही उन्होंने भरोसा दिलाया कि भविष्य में पार्टी की सरकार बनने पर समर्पित नेताओं और कार्यकर्ताओं को उचित सम्मान और जिम्मेदारी दी जाएगी।
भाजपा और आरएसएस पर भी साधा निशाना
अपने भाषण के दौरान तेजस्वी यादव ने भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की विचारधारा पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि वे अंतिम सांस तक इन विचारधाराओं के खिलाफ राजनीतिक संघर्ष जारी रखेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि लालू प्रसाद यादव केवल एक नेता नहीं बल्कि एक विचारधारा का प्रतिनिधित्व करते हैं। उनके अनुसार राजनीतिक विरोध के बावजूद पार्टी अपने मूल सिद्धांतों से पीछे नहीं हटेगी। इसके अलावा उन्होंने राज्य की आर्थिक स्थिति, वेतन-पेंशन और विधायक निधि जैसे मुद्दों पर भी सरकार को घेरा तथा रिशुश्री प्रकरण का उल्लेख करते हुए बड़े लोगों को बचाने का आरोप लगाया।
30 साल पूरे होने पर भव्य आयोजन
राष्ट्रीय जनता दल की स्थापना 5 जुलाई 1997 को हुई थी। इस वर्ष पार्टी ने अपना 30वां स्थापना दिवस पूरे उत्साह के साथ मनाया। पटना के वीरचंद पटेल स्थित पार्टी मुख्यालय को विशेष रूप से सजाया गया था। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव ने दीप प्रज्वलित कर समारोह की शुरुआत की तथा संगठन को नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ाने का आह्वान किया। स्थापना दिवस का यह आयोजन केवल जश्न तक सीमित नहीं रहा, बल्कि संगठन की मजबूती, कार्यकर्ताओं की भूमिका और आगामी चुनावी रणनीति को लेकर कई महत्वपूर्ण राजनीतिक संदेश भी सामने आए।