'यहीं मेरा बचपन बीता, यहीं का हूं और यहीं रहूंगा' ,बांकीपुर में नितिन नवीन का शक्ति प्रदर्शन
बांकीपुर उपचुनाव को लेकर पटना की राजनीति पूरी तरह चुनावी रंग में रंग चुकी है। बांकीपुर उपचुनाव में मतदान से पहले सभी प्रमुख दलों ने प्रचार अभियान तेज कर दिया है। भारतीय जनता पार्टी की ओर से पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व विधायक नितिन नवीन ने रविवार को वार्ड संख्या-36 से पदयात्रा निकालकर चुनावी अभियान को नई गति दी। दूसरी ओर, राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने भी 27 और 28 जुलाई को तेजस्वी यादव के रोड शो की तैयारी शुरू कर दी है। ऐसे में 30 जुलाई को होने वाले मतदान से पहले चुनावी मुकाबला और दिलचस्प होता दिख रहा है।
वार्ड-36 से नितिन नवीन की पदयात्रा, लोगों से मांगा समर्थन
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने रविवार को पटना के वार्ड संख्या-36 से पदयात्रा की शुरुआत की। इस दौरान उनके साथ पार्टी के कई वरिष्ठ नेता, स्थानीय कार्यकर्ता और समर्थक मौजूद रहे।
पदयात्रा के दौरान नितिन नवीन ने घर-घर जाकर लोगों से मुलाकात की और भाजपा प्रत्याशी नीरज सिन्हा के पक्ष में मतदान करने की अपील की। रास्ते में उन्होंने बुजुर्गों, महिलाओं और युवाओं से भी संवाद किया।
भाजपा कार्यकर्ता पूरे जोश के साथ चुनावी नारे लगाते हुए पदयात्रा में शामिल रहे। कई स्थानों पर स्थानीय लोगों ने भी उनका स्वागत किया।
'यहीं मेरा बचपन बीता, यहीं का हूं और यहीं रहूंगा'
पदयात्रा के दौरान नितिन नवीन ने अपने क्षेत्र से जुड़ाव का जिक्र करते हुए कहा कि इस इलाके से उनका भावनात्मक रिश्ता है।
उन्होंने कहा कि इसी क्षेत्र में उनका बचपन बीता, यहीं उन्होंने दोस्तों के साथ क्रिकेट खेला और प्रधानमंत्री के 'मन की बात' कार्यक्रम भी सुने। उन्होंने अपने माता-पिता की यादों का उल्लेख करते हुए कहा कि उनका जीवन इस क्षेत्र से गहराई से जुड़ा है और वे हमेशा इसी क्षेत्र के रहेंगे।
उनके इस बयान को स्थानीय मतदाताओं से भावनात्मक जुड़ाव बनाने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।
भाजपा के लिए क्यों अहम है बांकीपुर सीट?
बांकीपुर विधानसभा सीट भाजपा का पारंपरिक गढ़ मानी जाती है। इस सीट से नितिन नवीन स्वयं विधायक रह चुके हैं।
राज्यसभा के लिए उनके चुने जाने के बाद यह सीट खाली हुई, जिसके कारण यहां उपचुनाव कराया जा रहा है। भाजपा इस सीट पर अपनी पकड़ बरकरार रखने के लिए पूरी ताकत झोंक रही है।
इसी वजह से पार्टी के कई वरिष्ठ नेता लगातार क्षेत्र में प्रचार अभियान चला रहे हैं और मतदाताओं तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं।
राजद भी पूरी तैयारी में, तेजस्वी यादव करेंगे रोड शो
उधर, राष्ट्रीय जनता दल ने भी चुनाव प्रचार को तेज कर दिया है।
पार्टी ने 27 और 28 जुलाई को बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र में रोड शो आयोजित करने की योजना बनाई है। इन कार्यक्रमों में पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव के शामिल होने की संभावना है।
जानकारी के अनुसार, पार्टी ने रोड शो के लिए जिला प्रशासन से अनुमति भी मांगी है। तेजस्वी यादव के चुनाव प्रचार में उतरने से राजद कार्यकर्ताओं में उत्साह बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है।
जनसुराज की एंट्री से मुकाबला हुआ रोचक
इस बार बांकीपुर उपचुनाव को खास बनाने वाली एक और बात जनसुराज की मौजूदगी है।
जनसुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर पहली बार इस सीट से चुनावी मैदान में सक्रिय हैं। वहीं राजद ने रेखा गुप्ता को उम्मीदवार बनाया है, जबकि भाजपा ने नीरज सिन्हा को मैदान में उतारा है।
तीनों प्रमुख दलों के सक्रिय प्रचार अभियान के कारण इस सीट पर मुकाबला पहले की तुलना में अधिक दिलचस्प माना जा रहा है।
30 जुलाई को होगा मतदान, सभी दलों की प्रतिष्ठा दांव पर
30 जुलाई को होने वाले मतदान से पहले भाजपा, राजद और जनसुराज लगातार जनसंपर्क अभियान चला रहे हैं।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि बांकीपुर उपचुनाव का परिणाम केवल एक विधानसभा सीट तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि आने वाले बिहार विधानसभा चुनावों से पहले राजनीतिक दलों के जनाधार और चुनावी रणनीति का भी संकेत देगा।
इसी कारण सभी प्रमुख दल इस सीट पर पूरी ताकत के साथ प्रचार कर रहे हैं और मतदाताओं तक अपनी बात पहुंचाने में जुटे हैं।
बांकीपुर उपचुनाव की 5 बड़ी बातें
- भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने वार्ड-36 से पदयात्रा कर प्रचार किया।
- उन्होंने भाजपा प्रत्याशी नीरज सिन्हा के लिए घर-घर जाकर वोट मांगे।
- राजद 27 और 28 जुलाई को तेजस्वी यादव का रोड शो आयोजित करेगा।
- जनसुराज की मौजूदगी से चुनावी मुकाबला त्रिकोणीय होता दिख रहा है।
- बांकीपुर विधानसभा सीट पर मतदान 30 जुलाई को होगा।
बांकीपुर उपचुनाव अब अंतिम चरण के प्रचार की ओर बढ़ रहा है। आने वाले दिनों में सभी दलों की सभाएं, रोड शो और जनसंपर्क अभियान तेज होने की संभावना है। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि मतदाता किस मुद्दे और किस उम्मीदवार पर सबसे अधिक भरोसा जताते हैं।
