'तुमने तो मैदान ही छोड़ दिया', तेजस्वी के 'गायब' होने पर भड़के लालू यादव के दोस्त... संजय यादव को भी सुनाया
पटना: आरजेडी के वरिष्ठ नेता शिवानंद तिवारी ने बुधवार को विधानसभा चुनावों में पार्टी की करारी हार के बाद विपक्ष के नेता तेजस्वी प्रसाद यादव के चुपचाप राजनीति से गायब हो जाने की कड़ी आलोचना की। उन्होंने तेजस्वी प्रसाद यादव को बिना किसी देरी के मैदान में लौटने की सलाह दी। शिवानंद तिवारी का नाम लालू प्रसाद यादव के करीबी मित्रों में शुमार किया जाता है।
तेजस्वी, तुमने तो मैदान ही छोड़ दिया: शिवानंद तिवारी
शिवानंद तिवारी ने अपने सोशल मीडिया हैंडल से एक बड़ा खत तेजस्वी यादव के नाम लिखा है। इसमें उन्होंने लिखा है कि 'लेकिन कितनी जल्दी सब कुछ बिखर गया ! 90 के हीरो 2010 में 22 सीट पर सिमट गए। विरोधी दल की मान्यता भी नहीं मिली। तुमने तो थोड़ा बेहतर किया है। विपक्ष के मान्यता प्राप्त नेता हो। लेकिन नतीजे के बाद तुम गायब हो गए! तुम्हें तो अपने सहयोगियों के साथ बैठना था। पार्टी के निचले स्तर तक के साथियों के साथ बैठना था। उनको ढाढस देनी थी, ताकि हार के बाद भी उनका मनोबल थोड़ा बहुत कायम रहे, लेकिन तुमने तो मैदान ही छोड़ दिया।'
सलाह के बहाने तेजस्वी की लानत-मलामत!
शिवानंद तिवारी यहीं नहीं रुके। उन्होंने आगे लिखा कि 'समता पार्टी के गठन में मेरी मेरी किसी से कम भूमिका नहीं थी। पहले चुनाव में पार्टी महज सात सीटों पर ही सिमट गई। लेकिन हमने मैदान नहीं छोड़ा। लेकिन तुम तो दो दिन भी नहीं टिक पाए। अपने सहयोगियों और समर्थकों का मन छोटा कर दिया।'
