तेज प्रताप यादव के घर चोरी केस: गवाह ड्राइवर और पत्नी को मिली धमकी, आकाश यादव का नाम सामने

राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता तेज प्रताप यादव चोरी केस में अब एक नया मोड़ सामने आया है। तेज प्रताप यादव चोरी केस के दो प्रमुख गवाहों ने दावा किया है कि उन्हें गवाही से पीछे हटने के लिए धमकियां दी जा रही हैं। चालक अनिल कुमार यादव और उनकी पत्नी रंजू देवी ने पटना के गर्दनीबाग थाना में शिकायत दर्ज कराते हुए सुरक्षा की मांग की है। उनका कहना है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए ताकि गवाहों पर किसी तरह का दबाव न बने।
गवाहों ने लगाया धमकी देने का आरोप
शिकायत के अनुसार, गुरुवार रात जब चालक अनिल कुमार यादव घर पर नहीं थे, उस दौरान उनकी पत्नी रंजू देवी अकेली थीं। आरोप है कि कुछ लोग उनके घर पहुंचे और चोरी मामले में गवाही नहीं देने की चेतावनी दी। रंजू देवी का आरोप है कि उनसे अभद्र व्यवहार भी किया गया। उन्होंने यह भी दावा किया कि बातचीत के दौरान एक व्यक्ति ने आकाश यादव का नाम लेते हुए पूरे परिवार को नुकसान पहुंचाने और उठवा लेने जैसी धमकियां दीं। इन आरोपों के आधार पर पुलिस से सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की गई है।
पुलिस से सुरक्षा और निष्पक्ष जांच की मांग
अनिल कुमार यादव और उनकी पत्नी ने शुक्रवार को गर्दनीबाग थाना पहुंचकर लिखित शिकायत दी। उनका कहना है कि यदि गवाहों को सुरक्षा नहीं मिलेगी तो निष्पक्ष जांच प्रभावित हो सकती है। फिलहाल पुलिस ने शिकायत प्राप्त कर ली है। मामले की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है। अभी तक पुलिस की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है।
क्या है तेज प्रताप यादव के आवास पर चोरी का मामला?
इस पूरे विवाद की शुरुआत तेज प्रताप यादव द्वारा अपने पूर्व निजी सहायक मोतीलाल राय के खिलाफ दर्ज कराई गई चोरी की प्राथमिकी से हुई थी। शिकायत के मुताबिक, घटना सोमवार देर रात पटना के हार्डिंग रोड स्थित आवास संख्या 42 में हुई। तेज प्रताप यादव ने आरोप लगाया कि उनके चालक अनिल यादव और उनके साथ रहने वाले विशाल ने पूर्व निजी सहायक को एक बैग लेकर आवास की चहारदीवारी फांदकर भागते हुए देखा था। इन्हीं दोनों को इस मामले का प्रत्यक्षदर्शी गवाह बताया गया है।
चोरी में किन सामानों के गायब होने का दावा?
तेज प्रताप यादव ने अपनी शिकायत में दावा किया है कि उनके आवास से पार्टी फंड के लगभग 20 लाख रुपये नकद सहित कई कीमती सामान गायब हुए हैं। शिकायत में 23 ग्राम से अधिक वजन की सोने की चेन, सोने की अंगूठी, चार पेन ड्राइव, दो हार्ड डिस्क, एक आईपैड, एक मैकबुक, एक लैपटॉप और चार आईफोन 17 प्रो मैक्स मोबाइल फोन चोरी होने का भी उल्लेख किया गया है। आरोपी के रूप में वैशाली जिले के बिशुनपुर सैद अली-मनियारपुर निवासी मोतीलाल राय का नाम दर्ज कराया गया है।
आकाश यादव का नाम फिर चर्चा में
इस मामले में आकाश यादव का नाम सामने आने के बाद राजनीतिक और सामाजिक चर्चाएं भी तेज हो गई हैं। बीते दिनों आकाश यादव ने तेज प्रताप यादव, मोतीलाल राय और अन्य लोगों पर धमकी देने तथा घर में जबरन प्रवेश करने जैसे आरोप लगाए थे। दूसरी ओर तेज प्रताप यादव ने भी आकाश यादव और उनके परिवार पर अपनी छवि खराब करने का आरोप लगाते हुए सचिवालय थाना में शिकायत दर्ज कराई थी। अब गवाहों द्वारा लगाए गए नए आरोपों के बाद यह विवाद एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। हालांकि, इन सभी आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
आगे क्या होगा?
इस पूरे मामले में अब पुलिस की जांच सबसे अहम होगी। गवाहों की सुरक्षा, चोरी के आरोप, कथित धमकी और दोनों पक्षों के दावों की जांच के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी। फिलहाल यह मामला कानूनी प्रक्रिया के अधीन है और किसी भी पक्ष के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। ऐसे में जांच पूरी होने तक आधिकारिक निष्कर्ष का इंतजार करना जरूरी होगा।