
बिहार में क्लासरूम चिकन पार्टी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस क्लासरूम चिकन पार्टी ने शिक्षा व्यवस्था और शिक्षकों की भूमिका को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वीडियो में शिक्षक स्कूल के कमरे में बैठकर चिकन बनाते और खाते दिखाई दे रहे हैं, जिससे लोगों में नाराजगी बढ़ रही है।
यह मामला सामने आते ही जिला प्रशासन हरकत में आ गया है और संबंधित शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
क्या है पूरा मामला?
बताया जा रहा है कि यह वीडियो खुद शिक्षकों द्वारा बनाया गया था। इसमें करीब 6 शिक्षक स्कूल के एक क्लासरूम में बेंच-डेस्क पर बैठकर चिकन पकाते और खाते नजर आ रहे हैं।
वीडियो में शिक्षक मस्ती करते हुए दिखाई दे रहे हैं। वे आपस में मजाक कर रहे हैं और माहौल पूरी तरह अनौपचारिक दिख रहा है। एक व्यक्ति शराब की व्यवस्था को लेकर सवाल करता भी सुनाई देता है, जिसने मामले को और गंभीर बना दिया है।
DEO ने लिया सख्त एक्शन
जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) राजन गिरी ने इस घटना को गंभीरता से लिया है। उन्होंने वीडियो में दिख रहे सभी शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
साथ ही, पूरे मामले की जांच के लिए एक टीम का गठन किया गया है। DEO ने साफ कहा है कि जांच में जो भी शिक्षक दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन का कहना है कि इस तरह की घटनाएं शिक्षा व्यवस्था की छवि को नुकसान पहुंचाती हैं और इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
वीडियो में क्या दिखा?
वायरल वीडियो में शिक्षक कढ़ाई से सीधे चिकन निकालकर खाते हुए नजर आ रहे हैं। सभी लोग बिना किसी झिझक के क्लासरूम में बैठकर पार्टी करते दिख रहे हैं।
सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि किसी भी शिक्षक ने इस बात पर आपत्ति नहीं जताई कि स्कूल जैसे स्थान पर इस तरह का आयोजन उचित है या नहीं।
वीडियो का यह पहलू लोगों के बीच ज्यादा चर्चा का विषय बना हुआ है।
सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रिया
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। कई यूजर्स का कहना है कि स्कूल शिक्षा का मंदिर होता है और वहां इस तरह की गतिविधियां स्वीकार्य नहीं हैं।
कुछ लोगों ने इसे अनुशासनहीनता बताया, जबकि कई ने शिक्षकों के व्यवहार पर सवाल उठाए। वहीं, कुछ यूजर्स ने प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
शिक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस घटना ने एक बार फिर स्कूलों में अनुशासन और जिम्मेदारी को लेकर बहस छेड़ दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि शिक्षक समाज के रोल मॉडल होते हैं और उनके व्यवहार का सीधा असर छात्रों पर पड़ता है।
ऐसे में क्लासरूम में इस तरह की गतिविधियां शिक्षा के मूल्यों के खिलाफ मानी जा रही हैं।
आगे क्या होगा?
फिलहाल जांच जारी है और प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। रिपोर्ट आने के बाद संबंधित शिक्षकों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई तय की जाएगी।
यह मामला न सिर्फ बिहार बल्कि देशभर में चर्चा का विषय बन गया है और लोग अब कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।
Source: स्थानीय प्रशासन एवं वायरल वीडियो रिपोर्ट्स