पटना | बिहार राजनीति ताजा खबर
बिहार विधान परिषद में सोमवार को कार्यवाही शुरू होते ही कानून-व्यवस्था को लेकर सियासी माहौल गरमा गया। विपक्ष के सवालों और नारेबाजी के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने तीखी प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष की नेता राबड़ी देवी पर कड़े शब्दों में निशाना साधा। उनकी टिप्पणियां सदन से बाहर निकलकर राजनीतिक चर्चा का विषय बन गईं।
कानून-व्यवस्था पर सवाल, कार्यवाही बार-बार बाधित
कार्यवाही शुरू होते ही राबड़ी देवी के नेतृत्व में आरजेडी की महिला विधान पार्षदों ने राज्य की कानून-व्यवस्था को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी। विपक्ष का आरोप था कि प्रदेश में अपराध बढ़े हैं और सरकार हालात पर काबू पाने में विफल रही है। शोर-शराबे के चलते सदन की कार्यवाही बार-बार बाधित होती रही।
सीएम की प्रतिक्रिया: विकास बनाम आरोप
हंगामे के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार खड़े हुए और सभापति से व्यवधान पैदा कर रहे सदस्यों पर कार्रवाई की मांग की। उन्होंने अपने संबोधन में विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि उनकी सरकार के कार्यकाल में राज्य ने विकास के कई चरण तय किए हैं, जबकि पूर्ववर्ती सरकारों पर उन्होंने कामकाज को लेकर सवाल उठाए।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि पिछले वर्षों में बुनियादी ढांचे, सामाजिक कल्याण और कानून-व्यवस्था के मोर्चे पर ठोस प्रगति हुई है।
तीखे तंज के बाद बढ़ा शोर
मुख्यमंत्री के संबोधन के दौरान कुछ टिप्पणियों पर विपक्ष ने कड़ा विरोध दर्ज कराया, जिससे सदन में शोर और तेज हो गया। सभापति ने हस्तक्षेप करते हुए विपक्ष से मुख्यमंत्री की बात सुनने की अपील की, लेकिन स्थिति शांत नहीं हो सकी।
इसी दौरान आरजेडी के एक विधान पार्षद ने गृह मंत्री के खिलाफ नारेबाजी करते हुए उनके इस्तीफे की मांग भी रख दी।
केंद्र के सहयोग से विकास का दावा
हंगामे के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने यह भी दोहराया कि केंद्र सरकार के सहयोग से बिहार में विकास कार्यों को गति मिली है और आगे भी योजनाबद्ध तरीके से काम जारी रहेगा।
